रिपोर्ट: आशीष श्रीवास्तव, ब्यूरो चीफ, उत्तर प्रदेश, कड़क टाइम्स
जनपद गोंडा में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस अधीक्षक गोंडा विनीत जायसवाल के निर्देश पर विशेष कार्य बल लखनऊ और थाना परसपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने 50 हजार रुपये के इनामिया शातिर बदमाश ज़ाकिर को गिरफ्तार कर लिया। लंबे समय से फरार चल रहा यह अभियुक्त चोरी की कई वारदातों में वांछित था और उसकी गिरफ्तारी को लेकर पुलिस लगातार प्रयासरत थी।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्त ज़ाकिर पुत्र बरकत अली, उम्र लगभग 44 वर्ष, निवासी ग्राम सरदार पुरवा डेहरास, थाना परसपुर, जनपद गोंडा है। अभियुक्त के विरुद्ध थाना परसपुर में मुकदमा अपराध संख्या 246/2025 और 247/2025 धारा 305, 331(4), 324(2), 317(2) भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत मुकदमे दर्ज थे। इन्हीं मामलों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस महानिरीक्षक देवीपाटन परिक्षेत्र गोंडा द्वारा अभियुक्त की गिरफ्तारी पर 50,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
दिनांक 29 दिसंबर 2025 को एसटीएफ लखनऊ और थाना परसपुर पुलिस की संयुक्त टीम को गुप्त सूचना मिली कि इनामिया बदमाश थाना परसपुर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम सुसुण्डा में ब्रह्म बाबा स्थान के पास मौजूद है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने त्वरित घेराबंदी कर अभियुक्त को मौके से गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 1,570 रुपये नकद तथा नीले रंग का एक की-पैड मोबाइल फोन बरामद किया गया।
पुलिस जांच में सामने आया कि यह मामला जुलाई 2025 में दर्ज कराई गई दो बड़ी चोरी की घटनाओं से जुड़ा है। पहली घटना में दिनांक 11 जुलाई 2025 को वादी राकेश कुमार रस्तोगी पुत्र स्वर्गीय रमेश प्रसाद रस्तोगी निवासी कस्बा परसपुर ने थाना परसपुर में तहरीर दी थी कि ग्राम लच्छन पुरवा डेहरास, परसपुर–रगडगंज मार्ग पर स्थित देशी शराब और बीयर की संयुक्त दुकान में 2 जुलाई 2025 की रात अज्ञात चोरों ने सेंध लगाकर 32 हजार रुपये नकद और करीब 3,840 रुपये कीमत की एक पेटी बीयर चोरी कर ली। इस संबंध में थाना परसपुर में मुकदमा अपराध संख्या 246/2025 दर्ज किया गया।
दूसरी घटना में वादी मुकेश कुमार जायसवाल पुत्र रमेश जायसवाल निवासी आंटा परसपुर ने थाना परसपुर में सूचना दी कि धर्मनगर चौराहा के पास स्थित उनकी देशी शराब और बीयर की दुकान में 7 जुलाई 2025 की रात अज्ञात चोरों ने सेंध काटकर 12 किंगफिशर अल्ट्रामैक्स बीयर और 4 एलीफैंट बीयर चोरी कर ली। इस मामले में थाना परसपुर में मुकदमा अपराध संख्या 247/2025 पंजीकृत किया गया। दोनों ही मामलों में सुसंगत धाराओं में विवेचना शुरू की गई थी।
पूछताछ के दौरान अभियुक्त ज़ाकिर ने पुलिस के सामने स्वीकार किया कि वह अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदातों को अंजाम देता था। उसने बताया कि लच्छन पुरवा डेहरास की दुकान में हुई चोरी से मिले पैसों को सभी ने आपस में बराबर बांट लिया था, जिसमें उसे लगभग 5,000 रुपये का हिस्सा मिला था। इसके बाद धर्मनगर क्षेत्र की बीयर दुकान में भी चोरी की गई और वहां से मिली रकम भी सभी साथियों में बांटी गई। अभियुक्त ने यह भी स्वीकार किया कि चोरी से लगातार फायदा होने के कारण उसने जनपद गोंडा के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कई अन्य चोरियां कीं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अभियुक्त का आपराधिक इतिहास भी काफी लंबा है। उसके विरुद्ध वर्ष 2012 से लेकर 2025 तक कुल 14 मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें चोरी, मारपीट, धमकी, एनडीपीएस अधिनियम, उत्तर प्रदेश गुंडा अधिनियम और अन्य गंभीर धाराएं शामिल हैं। इनमें थाना कोतवाली नगर, परसपुर, उमरी बेगमगंज, कौड़िया और कोतवाली देहात जैसे कई थाना क्षेत्र शामिल हैं। पुलिस के अनुसार ज़ाकिर एक आदतन अपराधी है, जिसकी गतिविधियों से लंबे समय से क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ था।
पूछताछ में अभियुक्त ने यह भी बताया कि जब उसे अपने ऊपर इनाम घोषित होने की जानकारी मिली तो वह लगातार स्थान बदल-बदलकर छिपता रहा और नेपाल भागने की योजना बना रहा था। परिवार से मिलने के लिए गांव जाते समय ही पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यदि समय रहते गिरफ्तारी नहीं होती, तो अभियुक्त देश से बाहर फरार हो सकता था।
इस पूरी कार्रवाई में एसटीएफ लखनऊ और थाना परसपुर पुलिस की टीम की अहम भूमिका रही। टीम में उप निरीक्षक प्रताप नारायण सिंह, हेड कांस्टेबल दिलीप, कुलदीप, राजेश, शिव भोला शुक्ला, चालक कांस्टेबल सुभाष चंद्र, थाना परसपुर के थानाध्यक्ष अनुज त्रिपाठी, उप निरीक्षक रवि प्रकाश यादव, कांस्टेबल राहुल कुमार और कांस्टेबल निशान्त सिंह शामिल रहे। सभी के आपसी समन्वय और सतर्कता से इस इनामिया बदमाश को गिरफ्तार किया जा सका।





