रिपोर्ट: माया लक्ष्मी मिश्रा, रायबरेली, उत्तर प्रदेश, कड़क टाइम्स
महराजगंज (रायबरेली)। लोकतंत्र सिर्फ संविधान की किताबों में लिखे शब्दों तक सीमित नहीं होता, बल्कि जब आम लोग उसे जीते हैं, तब उसका असली स्वरूप सामने आता है। राष्ट्रीय मतदाता दिवस 2026 के अवसर पर महराजगंज के ऐतिहासिक हनुमानगढ़ी मेला मैदान में कुछ ऐसा ही दृश्य देखने को मिला, जिसने हर मौजूद व्यक्ति के भीतर लोकतंत्र के प्रति नई ऊर्जा भर दी। मैदान में जैसे ही भारत के विशाल मानचित्र पर छात्र-छात्राओं ने मानव श्रृंखला बनाई, तो ऐसा प्रतीत हुआ मानो पूरा भारत खुद अपने मताधिकार की ताकत का प्रदर्शन कर रहा हो।
सुबह से ही हनुमानगढ़ी मेला मैदान में उत्साह और जागरूकता का माहौल था। अलग-अलग स्कूलों की यूनिफॉर्म में सजे छात्र, हाथों में तिरंगा, आंखों में आत्मविश्वास और होठों पर लोकतंत्र के नारे—यह नजारा सिर्फ देखने लायक नहीं, बल्कि महसूस करने वाला था। भारत के नक्शे पर बनी मानव श्रृंखला कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रही, जिसने यह संदेश साफ कर दिया कि जब युवा जागरूक होते हैं, तो लोकतंत्र और मजबूत बनता है।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिलाधिकारी हर्षिता माथुर और पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर ने मंच से उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों, छात्रों और आम नागरिकों को निष्पक्ष, निर्भीक और जिम्मेदार मतदान की शपथ दिलाई। शपथ के समय मैदान में मौजूद हजारों लोगों की एक साथ उठी आवाज़ ने माहौल को भावुक कर दिया। यह केवल औपचारिक शपथ नहीं थी, बल्कि लोकतंत्र को बचाने का सामूहिक संकल्प था।
जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने अपने संबोधन में कहा कि मताधिकार लोकतंत्र की आत्मा है और इसका सही उपयोग ही एक मजबूत राष्ट्र की नींव रखता है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वोट देना सिर्फ अधिकार नहीं, बल्कि हर नागरिक की moral responsibility है। उन्होंने युवाओं से appeal की कि वे सिर्फ खुद मतदान तक सीमित न रहें, बल्कि अपने परिवार, पड़ोस और समाज को भी vote के महत्व के प्रति जागरूक करें। उनका यह संदेश युवाओं के दिल तक उतरता दिखा।
कार्यक्रम में cultural performances ने समां बांध दिया। पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, राजाचंदचूर्ण सिंह इंटर कॉलेज, न्यू स्टैंडर्ड पब्लिक स्कूल सलेथू, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज समेत कई विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने लोकतांत्रिक मूल्यों पर आधारित गीत, street play और नाट्य प्रस्तुतियां दीं। कहीं गीतों के बोल थे “मेरा वोट, मेरी पहचान”, तो कहीं नाटक के संवादों में छिपा था यह सवाल कि अगर हम वोट नहीं देंगे तो बदलाव कैसे आएगा। इन प्रस्तुतियों ने साबित कर दिया कि awareness अगर creative तरीके से फैलाई जाए, तो उसका असर गहरा होता है।
कार्यक्रम की गरिमा उस समय और बढ़ गई जब उप जिलाधिकारी गौतम सिंह, क्षेत्राधिकारी प्रदीप कुमार, खंड विकास अधिकारी वर्षा सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी राम मिलन यादव, तहसीलदार मंजुला मिश्रा, सत्यराज सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी कार्यक्रम में मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने एक स्वर में कहा कि इस तरह के आयोजन democracy को ground level पर मजबूत करने में अहम भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के समापन पर हनुमानगढ़ी मेला मैदान से ब्लॉक परिसर तक बैंड-बाजे के साथ मतदाता जागरूकता रैली निकाली गई। ढोल-नगाड़ों की धुन पर कदमताल करते छात्र-छात्राओं के नारों से पूरा इलाका गूंज उठा—“पहले मतदान, फिर जलपान”, “मेरा वोट, मेरी पहचान”, “No Vote, No Future” जैसे slogans ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा। राह चलते लोग रुककर इस रैली को देखते रहे और कई लोग मोबाइल में इस पल को capture करते नजर आए।
कार्यक्रम के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित भी किया गया। जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने रामपुर टिकरा की बूथ संख्या 202 की बीएलओ सुशीला और सुपरवाइजर प्रमोद कुमार को एसआईआर अभियान में 99.9 प्रतिशत mapping पूर्ण करने पर प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इसके अलावा मतदाता जागरूकता में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को भी certificates देकर प्रोत्साहित किया गया।





